विशेष रिपोर्ट: मनोजित कुमार
Jharkhand Life News देवघर: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 शुरू होने से पहले बाबा बैद्यनाथ धाम की सुरक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। इसी बीच राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) की विशेष एंटी-टेरर टीम ने मंदिर परिसर का सुरक्षा जायजा लिया । टीम ने हर उस जगह का निरीक्षण किया, जहां मेले के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की आवाजाही रहेगी।
क्या-क्या जांचा गया?
- मंदिर के सभी प्रवेश और निकास द्वार।
- आपातकाल में श्रद्धालुओं को सुरक्षित निकालने की व्यवस्था।
- कतार पथ, संस्कार मंडप, नाथबाड़ी और अन्य संवेदनशील स्थान।
- वीआईपी रूट और सुरक्षा घेरा।
- CCTV कैमरों और क्विक रिस्पांस सिस्टम की तैयारी।
इस बार सुरक्षा होगी हाईटेक
- 900 से अधिक CCTV कैमरों से 24 घंटे निगरानी।
- पहली बार AI आधारित कैमरे और ड्रोन से मॉनिटरिंग।
- संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत नजर रखने के लिए आधुनिक कंट्रोल सिस्टम।
हजारों जवान रहेंगे तैनात
- 12 से 14 हजार अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती।
- RAF, NDRF, ATS, झारखंड जगुआर, डॉग स्क्वाड और बम निरोधक दस्ते रहेंगे सक्रिय।
- सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी भी भीड़ के बीच मौजूद रहेंगे।
अब आगे क्या?
निरीक्षण के बाद NSG अपनी गोपनीय रिपोर्ट राज्य सरकार और जिला प्रशासन को सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर सुरक्षा व्यवस्था में अंतिम बदलाव किए जाएंगे, ताकि 30 जुलाई से शुरू होने वाले श्रावणी मेले के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा में कोई चूक न हो।
हर साल लाखों कांवड़िए बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचते हैं। इस बार प्रशासन का लक्ष्य साफ है—आस्था के इस महाकुंभ को सुरक्षित, व्यवस्थित और तकनीक से लैस बनाना।




