Jharkhand Life News देवघर (झारखंड): विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम में श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और मंदिर की गरिमा बनाए रखने के लिए प्रशासन ने दो बड़े फैसले लिए हैं। आगामी राजकीय श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों के तहत अब बाबा मंदिर के गर्भगृह में मोबाइल फोन ले जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। साथ ही, श्रद्धालुओं को अब सिर्फ सावन ही नहीं, बल्कि पूरे वर्ष बाह्य अर्घा (Outer Argha System) के माध्यम से जलार्पण करने की सुविधा मिलेगी।
इन फैसलों पर जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन और पंडा धर्मरक्षिणी सभा की संयुक्त बैठक में सहमति बनी। प्रशासन का मानना है कि इससे भीड़ प्रबंधन बेहतर होगा और श्रद्धालुओं को अधिक व्यवस्थित दर्शन का लाभ मिलेगा।

गर्भगृह में मोबाइल ले जाना होगा मना
हाल के वर्षों में कई श्रद्धालु गर्भगृह के अंदर फोटो खींचने, वीडियो बनाने, रील्स शूट करने और सोशल मीडिया पर लाइव प्रसारण करने लगे थे। इससे दर्शन व्यवस्था प्रभावित होती थी और लंबी कतारों में खड़े अन्य श्रद्धालुओं को परेशानी होती थी।
अब नए नियम के तहत—
- गर्भगृह में मोबाइल फोन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
- नियम तोड़ने वालों पर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
- मंदिर परिसर के बाहर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए करीब 1200 आधुनिक लॉकर्स और क्लॉक रूम की व्यवस्था की जा रही है, जहां मोबाइल, बैग और अन्य सामान सुरक्षित रखा जा सकेगा।
सालभर बाह्य अर्घा से जलार्पण की सुविधा
अब तक बाह्य अर्घा व्यवस्था केवल श्रावणी मेले के दौरान लागू रहती थी। लेकिन प्रशासन ने इसे पूरे वर्ष स्थायी रूप से संचालित करने का निर्णय लिया है।
इस व्यवस्था से सबसे अधिक लाभ—
- बुजुर्ग श्रद्धालुओं
- दिव्यांगजन
- अस्वस्थ श्रद्धालुओं
को मिलेगा, जो लंबी कतार में खड़े होकर गर्भगृह तक नहीं पहुंच पाते। अब वे साल के किसी भी दिन बाह्य अर्घा के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ को जल अर्पित कर सकेंगे।
श्रावणी मेला 2026 के लिए अन्य तैयारियां
श्रावणी मेले को लेकर प्रशासन ने कई महत्वपूर्ण तैयारियां भी शुरू कर दी हैं।




