Breaking News
पीएम मोदी ने देवघर एयरपोर्ट का किया उदघाटन, करोड़ो रूपये के योजनाओं का किया शिलान्यास  |  केरल पहुंचा मॉनसून, झमाझम बारिश शुरू, जानें झारखंड में कब पहुंचेगा मॉनसून  |  लद्दाख में झारखंड का लाल सड़क हादसे में शहीद  |  चौथे चरण में शांतिपूर्वक तरीके से चल रहा मतदान  |  कैसे गिरी थी बाबरी मस्जिद: आँखों देखी लाइव रिपोर्ट  |  Jharkhand Corona Update: WHO और राज्य सरकार के अध्ययन के मुताबिक कोविड से मरने वाले 55% लोग गरीबी रेखा से नीचे के  |  पुतिन-मोदी मुलाकात LIVE: रूसी राष्ट्रपति ने कहा- भारत महान शक्ति और भरोसेमंद दोस्त; दोनों देशों के बीच 6 सेक्टर्स में समझौते संभव  |  माओवादियों ने लगाए पोस्टर लिखा: RSS के निर्देश पर केंद्र सरकार किसान,मजदूर, नौजवान व मानवाधिकार कार्यकर्ताओं पर कर रही हमले, विरोध का ऐलान  |  दिल्ली पहुंचा ओमिक्रॉन:तंजानिया से लौटे यात्री में मिला संक्रमण, देश में 4 दिन में नए वैरिएंट के 5 केस सामने आए  |  हिंदपीढ़ी के युवक मुजाहिद को मारी गई गोली, आक्रोशित लोगों ने हमले के आरोपी का घर जलाया, एक युवक गिरफ्तार  |  
मनोरंजन
29/05/2018 :14:07
रमैया वस्तावैया का असली अर्थ आपके दिल को छू लेगा
 
कुछ गाने ऐसे होते है जिनको को हम गुनगुनाते है पर उनका शाब्दिक अर्थ पता नही होता बस वो गीत सुनने में ओर गाने में अच्छा लगता है। आइये हम आपको बतलाते है वर्ष 1955 में राजकपूर और नर्गिस अभिनीत फ़िल्म श्री 420 का एक बेहद लोकप्रिय गीत है

रमैया वस्तावैया का असली अर्थ आपके दिल को छू लेगा

 न्यूज़ ग्राउंड (नई दिल्ली) सुजाता मिश्रा : कुछ गाने ऐसे होते है जिनको को हम गुनगुनाते है पर उनका शाब्दिक अर्थ पता नही होता बस वो गीत सुनने में ओर गाने में अच्छा लगता है। आइये हम आपको बतलाते है  वर्ष 1955 में राजकपूर और नर्गिस अभिनीत फ़िल्म श्री 420 का एक बेहद लोकप्रिय गीत है "रमैया वस्तावैया - रमैया वस्तावैया - मैंने दिल तुझको दिया" का असली अर्थ...  क्या आप जानते हैं  इस गीत में "रमैया वस्तावैया एक  लोकप्रिय तेलगू  उद्धरण है  और क्या आप इस उद्धरण का अर्थ जानते हैं? "राम" तो तेलगू  भाषा ही क्या क्या समस्त देश -दुनियाँ  मे एक लोकप्रिय और सुप्रसिद्ध  नाम है  और विशेषण भी है।  "अइय्या"  का इस्तेमाल तेलगू में पुल्लिंग(पुरूष) के प्रति प्रेम और सम्मान हेतु प्रयोग किया जाता है ,जबकि ''वस्तावैया"  का अर्थ हुआ क्या तुम आओगे? अथवा तुम कब आओगे?

राम +अइय्या +वस्तावैया = रमैया वस्तावैया -- राम तुम कब आओगे? अथवा राम तुम आओगे?

भक्तिकाल से ही महाराष्ट्र में  तेलगूभाषी द्रविड़ जनसंख्या भी बड़े पैमाने पर मौजूद  है , जिनमे मछुआरे भी शामिल हैं। सम्भवतः इसी द्रविड़ प्रभाव के चलते गीतकार शैलेंद्र  ने इस उद्धरण का प्रयोग किया, रोचक तथ्य यह है कि शैलेन्द्र खुद मूलतः रावलपिंडी से थे,जो कि अब पाकिस्तान अधिकृत पंजाब में है।

 



झारखंड की बड़ी ख़बरें
»»
Video
»»
संपादकीय
»»
विशेष
»»
साक्षात्कार
»»
पर्यटन
»»


Copyright @ Jharkhand Life